उत्तराखंड

ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी में 24 घंटे के ‘वॉच द कोड’ हैकाथॉन का समापन; टीम सुपरसोनिक ने जीता प्रथम पुरस्कार

ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी में 24 घंटे के ‘वॉच द कोड’ हैकाथॉन का समापन; टीम सुपरसोनिक ने जीता प्रथम पुरस्कार

हल्द्वानी। रिपोर्टर गौरव गुप्ता

ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी, हल्द्वानी में टेक गीक क्लब द्वारा आयोजित दो दिवसीय नेशनल कोडिंग महाकुंभ ‘वॉच द कोड’ हैकाथॉन का शानदार समापन हुआ। 24 घंटों तक चले इस निरंतर नवाचार, टीम वर्क और रचनात्मकता के मुकाबले में ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी की ‘टीम सुपरसोनिक’ ने प्रथम स्थान प्राप्त कर ₹50,000 की नकद राशि अपने नाम की।

प्रमुख परिणाम और पुरस्कार:
प्रतियोगिता के परिणामों की घोषणा करते हुए निर्णायकों ने तकनीकी कौशल और समस्या समाधान की क्षमता के आधार पर विजेताओं का चयन किया:

प्रथम पुरस्कार (₹50,000): टीम सुपरसोनिक (ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी, देहरादून)

द्वितीय पुरस्कार (₹25,000): टीम कोडेक्स साइफर्स (IEM कोलकाता)

तृतीय पुरस्कार (₹15,000): टीम ओवरक्लॉक्ड (ग्राफिक एरा भीमताल कैंपस)

सांत्वना पुरस्कार (₹5,000 प्रत्येक): टीम ज़ीरोडिफ और टीम टेक4ऑल

इसके अतिरिक्त, नवाचार को बढ़ावा देने के लिए ‘टीम विनकॉन’ को ‘मोस्ट इनोवेटिव आइडिया अवार्ड’ से नवाजा गया। व्यक्तिगत श्रेणी में उत्कृष्ट प्रदर्शन हेतु ‘टीम बैकअपप्लान’ के शंकर सिंह को ‘लोन वुल्फ अवार्ड’ और ₹5,000 के नकद पुरस्कार से सम्मानित किया गया।

प्रतियोगिता के मूल्यांकन के लिए उद्योग जगत के विशेषज्ञों के निर्णायक मंडल (Judges) के रूप शामिल रहें

अविक अगरवाला: टीसीएस (TCS) में डेटा इंजीनियर, अंतरराष्ट्रीय पेटेंट धारक एवं विश्वविद्यालय स्वर्ण पदक विजेता।

देवेश तुलस्यान: टीसीएस (TCS) में फुल स्टैक एआई और क्लाउड इंजीनियर एवं स्वर्ण पदक विजेता।

विनय चंदोला: अनुभवी सॉफ्टवेयर इंजीनियर (SDE) एवं एसीएम (ACM) लीडरशिप पदों पर कार्यरत।

जबकि विभा चंदोला, अंकुल कुमार, प्रियांशु कुमार, मयंक कुमार, मनीष चंद्र पनेरू और लक्ष्यजीत जलाल ने मेंटर्स के रूप में मार्गदर्शन दिया।

इस मौके पर ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी हल्द्वानी के निदेशक डॉक्टर एम सी लोहानी ने कहा कि आज का दौर केवल कोडिंग का नहीं, बल्कि कोडिंग के माध्यम से समाज की वास्तविक समस्याओं का समाधान खोजने का है। 24 घंटे के इस कठिन परिश्रम में छात्रों ने जो प्रोटोटाइप विकसित किए हैं, वे उनकी रचनात्मक सोच और तकनीकी दक्षता का प्रमाण हैं। ग्राफिक एरा का उद्देश्य ऐसे ही कुशल पेशेवरों को तैयार करना है जो विकसित भारत के संकल्प में अपना डिजिटल योगदान दे सकें।

कार्यक्रम का सफल संचालन फैकल्टी समन्वयक डॉ. मनीषा कोरंगा और कमलेश पलड़िया द्वारा किया गया। इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में शुभम लोशाली, अनिकेत जैन, नितिन और करणप्रीत सहित छात्र प्रबंधकों की टीम का विशेष योगदान रहा।

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