लालकुआंवासियों का वर्षों पुराना सपना साकार, मालिकाना हक का शासनादेश जारी

लालकुआं नगरवासियों का वर्षों पुराना सपना साकार, संक्रमणीय भूमिधरी अधिकार का शासनादेश जारी” मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और विधायक डॉ. मोहन सिंह बिष्ट के प्रयासों से मिली ऐतिहासिक।
रिपोर्टर, गौरव गुप्ता
उत्तराखंड सरकार और क्षेत्रीय विधायक डॉ. मोहन सिंह बिष्ट के निरंतर प्रयासों से लालकुआं नगरवासियों को उनकी भूमि पर मालिकाना हक यानी ‘संक्रमणीय भूमिधरी अधिकार’ देने का आधिकारिक शासनादेश जारी कर दिया गया है। इस महत्वपूर्ण फैसले के बाद स्थानीय नागरिकों में अपार उत्साह और खुशी का माहौल है।
बता दें कि बीते दिनों सूबे के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में आयोजित मंत्रिमंडल की बैठक में लालकुआं के वर्ग-3 और वर्ग-4 के पट्टेदारों और कब्जाधारकों को संक्रमणीय भूमिधर अधिकार प्रदान करने का निर्णय लिया गया था। अब इस संबंध में शासन द्वारा आधिकारिक शासनादेश जारी होने से स्थानीय लोगों का वर्षों पुराना मालिकाना हक का सपना आखिरकार पूरा हो गया है।
इधर क्षेत्रीय विधायक डॉ. मोहन सिंह बिष्ट ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और राज्य सरकार का आभार व्यक्त किया है। मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने विस्तार से जानकारी दी।उन्होंने कहा कि वर्ष 2022 में जब मैं विधायक निर्वाचित हुआ था, उसके बाद हमने एक वर्ष के लिए उस समय भी अवधि बढ़वाई थी।
बीच में हमारी सरकार ने आदरणीय सुबोध उनियाल जी की अध्यक्षता में सभी तरह की भूमियों के विनियमितीकरण के लिए एक कमेटी बनाई थी, जिसके कारण बीच में दो वर्ष का विलंब हुआ। लेकिन अब पुनः लालकुआं नगर के लोगों को संक्रमणीय भूमिधरी अधिकार के लिए एक वर्ष की अवधि बढ़ाई गई है, और आगे चलकर यह प्रक्रिया निरंतर जारी रहेगी। अब जब जो चाहें, वे लालकुआं नगर में अपनी भूमि का विनियमितीकरण करा सकेंगे।
उन्होंने जोर देकर कहा कि यह शासनादेश लालकुआं नगरवासियों की वर्षों पुरानी मांग को पूरा करता है और यह क्षेत्र की तरक्की व विकास के लिए एक मील का पत्थर साबित होगा।



