नफरत फैलाने वालों पर आयोग का कड़ा प्रहार

नफरत फैलाने वालों पर आयोग का कड़ा प्रहार: हल्दूचौड़ जातिसूचक टिप्पणी मामले में देहरादून से एक्शन के निर्देश ।
लालकुआँ/देहरादून: देवभूमि उत्तराखंड की सामाजिक समरसता को बिगाड़ने वाली एक शर्मनाक घटना ने अब शासन-प्रशासन के गलियारों में हलचल तेज कर दी है। लालकुआँ कोतवाली क्षेत्र के हल्दूचौड़ में एक युवक द्वारा सोशल मीडिया पर जाति विशेष के विरुद्ध की गई अभद्र टिप्पणी और गाली-गलौज का मामला अब उत्तराखंड अनुसूचित जाति आयोग की दहलीज तक जा पहुँचा है।
आरोपी के वायरल वीडियो ने न केवल दलित समाज को अपमानित किया, बल्कि पूरे क्षेत्र के शांतिपूर्ण माहौल में तनाव का जहर घोल दिया है। इस गंभीर कृत्य का संज्ञान लेते हुए आयोग के अध्यक्ष मुकेश कुमार ने सीधे अपर पुलिस अधीक्षक हल्द्वानी को तलब किया है। उन्होंने कड़े लहजे में निर्देश दिए हैं कि इस अक्षम्य अपराध के विरुद्ध ऐसी ठोस कार्रवाई की जाए जो भविष्य के लिए एक मिसाल बने।
इस पूरे विवाद की जड़ वह वायरल वीडियो है, जिसमें युवक ने मर्यादा की सारी सीमाएं लांघते हुए जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया। जैसे ही यह वीडियो जनमानस के बीच पहुँचा, दलित समाज का आक्रोश सड़कों पर उतर आया और भारी संख्या में लोगों ने हल्दूचौड़ चौकी का घेराव कर इंसाफ की गुहार लगाई। जनाक्रोश को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई कर आरोपी को सलाखों के पीछे पहुँचा दिया है।
आयोग के अध्यक्ष ने स्पष्ट कर दिया है कि किसी भी समाज को अपमानित करने वाली भाषा बर्दाश्त नहीं की जाएगी और उन्होंने पुलिस से पूरे मामले की विस्तृत रिपोर्ट तलब की है। पुलिस की इस कार्रवाई और आयोग के हस्तक्षेप ने स्पष्ट संदेश दिया है कि सोशल मीडिया की आड़ में नफरत फैलाने वालों के लिए समाज और कानून में कोई जगह नहीं है।



