ब्रेकिंग: सोशल मीडिया पर ट्रेंड हुए CM धामी! भड़का विपक्ष

उत्तराखंड में होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए प्रचार का आज आखिरी दिन है। ऐसे में सभी पार्टियां पूरे जोर-शोर से जनता को लुभाने में लगी हैं। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को बड़ा एलान करते हुए कहा कि यदि भाजपा राज्य की सत्ता में दोबारा आती है तो शपथ ग्रहण के तुरंत बाद वह यूनिफार्म सिविल कोड लाएंगे। इसके लिए विशेष कमेटी गठित की जाएगी। पुष्कर सिंह धामी की ओर से राज्य में समान नागरिक संहिता लागू करने का वादा करने के बाद विपक्षी दलों ने इस पर मिली-जुली प्रतिक्रिया दी है।
वहीं चुनाव से ठीक पहले राज्य के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने एक बड़ा दांव खेला है। बता दें कि पुष्कर सिंह धामी ने ये ऐलान किया है कि अगर राज्य में उनकी सरकार बनी तो शपथ ग्रहण के बाद वो तुरंत यूनिफार्म सिविल कोड लाएंगे वहीं अब धामी की इस बात पर पलटवार करते हुए AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी (Asaduddin Owaisi) ने कहा है कि सीएम को समझना चाहिए कि ‘यूनिफॉर्म’ का मतलब आम नहीं होता।
आल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) ने यूनिफार्म सिविल कोड को लागू करने की घोषणा पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पर निशाना साधते हुए कहा कि यह वादा उत्तराखंड विधानसभा चुनाव को देखते हुए किया जा रहा है।
वहीं भारतीय जनता पार्टी और भाजपा युवा मोर्चा ने इस पहल के लिए धामी (Pushkar Singh Dhami) की सराहना की।एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने धामी पर निशाना साधते हुए कहा कि मुख्यमंत्री को इस तथ्य को समझना चाहिए कि यूनिफार्म का मतलब पोशाक नहीं है।
बाबा कहते थे कि यह स्वैच्छिक होना चाहिए अनिवार्य नहीं। हम विविधता में एकता में विश्वास करते हैं। ओवैसी ने स्पष्ट किया कि राष्ट्र एक है लेकिन संस्कृतियां अलग अलग हैं। लोगों को अनुच्छेद-29 के अनुसार अपनी संस्कृति को संरक्षित करने का अधिकार है। एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने आगे कहा- धामी ने यह वादा इसलिए किया है क्योंकि उन्हें पता है कि भाजपा इस बार उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव हार जाएगी। मैं उनसे पूछना चाहता हूं कि उन्होंने राज्य के विकास के लिए क्या किया है। वहीं राजद नेता मनोज झा ने भी यूनिफार्म सिविल कोड का वादा करने को लेकर धामी पर तीखा हमला बोला।
उन्होंने कहा कि यह विचार उन्हें उत्तराखंड में चुनाव से ठीक पहले आया है। कांग्रेस नेता जयवीर सिंह गिल ने उत्तराखंड के सीएम पर तंज कसते हुए कहा कि राज्य विधानसभा चुनावों से पहले यूनिफार्म सिविल कोड का वादा करके एक जुमला पेश किया गया है। उत्तराखंड के सीएम धामी को इस बात की चिंता होनी चाहिए कि भाजपा के चुनाव हारने और उत्तराखंड में कांग्रेस के सत्ता में आने के बाद वह कैसे समय बिताएंगे। यह धामी का निर्णय है आम लोग उन पर विश्वास नहीं करते हैं।
इस बीच भाजपा और भाजपा युवा मोर्चा ने राज्य में यूनिफार्म सिविल कोड (Uniform Civil Code) लाया जाना सुनिश्चित करने के लिए उत्तराखंड के मुख्यमंत्री की सराहना की। भाजपा युवा मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेजस्वी सूर्या ने कहा- उत्तराखंड की एक अनूठी संस्कृति है और इसकी सभ्यता का एक अनूठा इतिहास है। इसलिए समान नागरिक संहिता को लागू करने से राज्य की संस्कृति को मजबूत करने में मदद मिलेगी। यह हमारा संवैधानिक कर्तव्य भी है।